राजीव गांधी संपूर्ण जीवन परिचय उनकी हत्या प्रारंभिक और व्यक्तिगत जीवन राजनीतिक करियर उल्लेखनीय नीतियां, Rajiv Gandhi Biography

Written by: Juhi

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Saurabh

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Rajiv Gandhi Biography: श्री राजीव गांधी का जन्म 20 अगस्त 1944 को मुंबई में हुआ था. इनके पिता का नाम फिरोज गांधी और माता का नाम इंदिरा गांधी है. भारत के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू के पोते हैं राजीव गांधी. राजीव गांधी की पत्नी का नाम सोनिया गांधी है और उनके दो बच्चे हैं. राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वर्तमान में वे दोनों राजनीति में पूर्ण रूप से कांग्रेस पार्टी का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं.

राजीव गांधी का प्रारंभिक शिक्षा

राजीव गांधी का कुछ समय मुंबई में बिता है. कुछ समय बाद वो अपने माता-पिता के साथ वह दिल्ली में आकर रहने लगे थे. राजीव गांधी की शुरुआती शिक्षा शिव निकेतन स्कूल और देहरादून के वेलहम बॉयज स्कूल दून स्कूल से पूरी हुई है. 1962 लंदन में इंजीनियरिंग की पढ़ाई के लिए ट्रिनिटी कॉलेज में एडमिशन लेते हैं. किन्हीं कर्म से हो अपनी पढ़ाई पूरी नहीं कर पाए उसके बाद वह लंदन के इंपीरियल कॉलेज में एडमिशन लेते हैं यहां भी वह इस कोर्स को पूर्ण नहीं कर पाते हैं. 1966 में इसी साल इंदिरा गांधी प्रधानमंत्री बनती हैं. उसके बाद राजीव गांधी भारत आ जाते हैं. भारत लौटने के बाद राजीव दिल्ली फ्लाइंग क्लब में पायलट की ट्रेनिंग लेना शुरू करते हैं. एयर इंडिया के पायलट के रूप में उन्होंने कार्य भी किया है.

राजीव गांधी का व्यक्तिगत जीवन

राजीव गांधी और सोनिया गांधी की प्रेम कहानी बेहद दिलचस्प है. 1968 में इटली की रहने वाली एडविज एंटोनिया अल्बीना माईनो से उनका विवाह होता है. राजीव गांधी से शादी होने के बाद अपना नाम सोनिया गाँधी कर लेती हैं. इटली छोड़कर भारत में हमेशा रहने आ जाती है.

सोनिया गांधी का राजनीतिक करियर

राजीव गांधी पायलट की नौकरी करना चाहते थे. लेकिन 1980 में एक विमान दुर्घटना में उनके छोटे भाई संजय गांधी की मृत्यु हो जाती है. जिसके परिणाम स्वरुप राजीव गांधी पर अपनी विरासत राजनीति को संभालने की जिम्मेदारी उनके कंधे पर आ जाती है. और ना चाहते हुए भी 1981 में पूर्ण रूप से राजनीति में राजीव गांधी सक्रिय भूमिका निभानी शुरू कर देते हैं. राजीव गांधी उत्तर प्रदेश के अमेठी सीट से चुनाव में जीत हासिल करते हैं.

देखते ही देखते राजीव गांधी राजनीति के गुण सीखना शुरू कर देते हैं. आगे जाकर वह भारतीय युवा कांग्रेस के अध्यक्ष भी चुने जाते हैं. 40 साल की उम्र में राजीव गांधी भारत के प्रधानमंत्री बनते हैं. अपने प्रधानमंत्री कार्यकाल के दौरान राजीव गांधी भारतीय अर्थव्यवस्था के मॉर्डनाइजेशन टेक्नोलॉजी को बढ़ावा देने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रयास करते हैं. राजीव गांधी के प्रयासों से ग्रामीण क्षेत्रों में निशुल्क शिक्षा और जवाहर नवोदय विद्यालय प्रणाली की स्थापना टेलीफोन नेटवर्क की स्थापना के लिए एमपीएनएल की शुरुआत किए थे.

राजीव गांधी के द्वारा बनाए गए उल्लेखनीय नीतियां

दल बदल विरोधी कानून- राजीव गांधी 1985 में दल बदल विरोधी कानून पेश किए. जिसका मकसद निर्वाचित सदस्य को दल बदल प्रक्रिया पर रोकथाम करना था. ताकि राजनीति में पार्टी बदलने के मामले पर स्थिरता लाई जा सके.शाहबानो मामला और देश में आर्थिक सुधार लाना ऑपरेशन ब्लैक थंडर विदेश नीति और रक्षा जैसे महत्वपूर्ण नीतियाँ बनाना शामिल है.

राजीव गांधी की हत्या

तमिलनाडु के श्रीपेरंबदूर में एक चुनावी प्रचार के दौरान लिबरेशन टाइगर ऑफ तमिल ईलम आत्मघाती हमलावर में राजीव गांधी की हत्या कर दी थी. इस विस्फोट में 25 अन्य लोग और भी मारे गए थे. राजीव गांधी की उम्र उस समय में मात्र 46 वर्ष थी. मरणोपरांत राजीव गांधी को भारत के सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार भारत रत्न से सम्मानित किया गया. राजीव गांधी के अंतिम संस्कार में देश के 60 से अधिक गणमान्य व्यक्ति शामिल होने पहुंचे थे.

उनका अंतिम संस्कार दिल्ली में मौजूद वीर भूमि पर किया गया था. 20 अगस्त 2025 को भारत के पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी का पुण्यतिथि मनाई जाती है. 20 अगस्त 1944 को इनका जन्म हुआ था. साल 1984 से 1989 के बीच में भारत के विकास में राजीव गांधी के द्वारा बनाई गई नीतियां आर्थिक लोकतांत्रिक तकनीकी ढांचे को आकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका आज भी निभा रही है. भारत उनके हर एक उल्लेखनीय कार्य के लिए उनको याद करता रहेगा.

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